रुड़की में गूंजी नात-ए-पाक की सदाएं, बच्चों ने पेश कीं शानदार प्रस्तुतियां
बच्चों में मोहब्बत-ए-रसूल ﷺ पैदा करना मकसद : कुंवर शाहिद
रुड़की। माह-ए-रबीउल अव्वल के मुबारक अवसर पर AWN Foundation की ओर से नगर निगम हॉल, रुड़की में भव्य नात-ए-पाक प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनपद हरिद्वार के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों एवं मदरसों से आए करीब 40 बच्चों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता के दौरान बच्चों ने बेहद खूबसूरत और पुरअदब अंदाज़ में नात-ए-पाक पेश कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
बच्चों की प्रस्तुतियों में मोहब्बत, अकीदत और अदब की स्पष्ट झलक दिखाई दी। नन्हे प्रतिभागियों ने आत्मविश्वास के साथ अपनी आवाज़ में नात-ए-पाक पेश की, जिसे कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने खूब सराहा। बच्चों की हौसला-अफ़ज़ाई के लिए उपस्थित अभिभावकों, शिक्षकों और गणमान्य लोगों ने उनका उत्साह बढ़ाया।
प्रतियोगिता में शान-ए-मुस्तफ़ा ने प्रथम, मिर्ज़ा सलीम ने द्वितीय तथा नदीम अख़्तर ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को विशेष पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। वहीं प्रतियोगिता में शामिल अन्य बच्चों को भी सांत्वना पुरस्कार प्रदान कर उनकी हौसला-अफ़ज़ाई की गई।
कार्यक्रम में उत्तराखण्ड अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण के चेयरमैन डॉ. सुरजीत सिंह, राज्य मंत्री देशराज कर्णवाल, प्रमुख समाजसेवी हाजी मुस्तकीम, सेंट मार्क्स एकेडमी के डायरेक्टर कुंवर जावेद इक़बाल, मुफ़्ती सलीम, मौलाना अरशद कासमी और मौलाना अज़हर सहित शहर के अनेक गणमान्य एवं मौज्ज़िज़ हज़रात मौजूद रहे।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावकों, शिक्षाविदों, समाजसेवियों और शहर के लोगों ने भी शिरकत की। बच्चों की प्रस्तुतियों के दौरान पूरे कार्यक्रम में उत्साह और आध्यात्मिक माहौल देखने को मिला।
AWN Foundation के सेक्रेटरी कुंवर शाहिद ने बताया कि माह-ए-रबीउल अव्वल के मुबारक महीने के अवसर पर संस्था की ओर से प्रत्येक वर्ष विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इसी कड़ी में इस वर्ष का पहला कार्यक्रम नात-ए-पाक प्रतियोगिता के रूप में आयोजित किया गया।
उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता का उद्देश्य केवल बच्चों के बीच मुकाबला कराना नहीं है, बल्कि कम उम्र से ही उनके दिलों में मोहब्बत-ए-रसूल ﷺ, अदब और अकीदत की भावना को मजबूत करना है।
कुंवर शाहिद ने कहा कि जब बच्चे नात-ए-पाक पढ़ते हैं और अपनी ज़बान से सरकार-ए-दो-आलम हज़रत मुहम्मद मुस्तफ़ा ﷺ की शान में कलाम पेश करते हैं, तो उनके भीतर अदब, मोहब्बत और अकीदत की भावनाएं और मजबूत होती हैं।
उन्होंने कहा कि संस्था की कोशिश है कि इन बच्चों की आवाज़ के माध्यम से मोहब्बत-ए-रसूल ﷺ का पैग़ाम समाज के हर वर्ग तक पहुंचे और फ़िज़ाओं में मोहब्बत एवं अकीदत की सदाएं गूंजती रहें।
कुंवर शाहिद के मुताबिक इस तरह के कार्यक्रम बच्चों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए मंच उपलब्ध कराने के साथ-साथ उन्हें अपनी धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने का भी काम करते हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करना समाज की साझा जिम्मेदारी है और ऐसे आयोजनों से बच्चों में आत्मविश्वास भी बढ़ता है।
कार्यक्रम को सफल बनाने में आसिफ अली उर्फ़ हैदर, आरिफ अली, बिलाल खान, गुड्डू साबरी, इनाम साबिर, संस्था के पैट्रन अमजद उस्मानी एवं आरिफ नियाज़ी का विशेष योगदान रहा।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न मदरसों और शैक्षणिक संस्थानों से आए बच्चों ने पूरे अदब, उत्साह और आत्मविश्वास के साथ अपनी प्रस्तुतियां दीं। बच्चों के साथ पहुंचे अभिभावकों में भी विशेष उत्साह देखने को मिला।
अंत में AWN Foundation की ओर से प्रतियोगिता में शामिल सभी प्रतिभागी बच्चों, उनके अभिभावकों, शिक्षकों, मदरसों एवं शैक्षणिक संस्थानों तथा कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी लोगों का आभार व्यक्त किया गया।